
रायपुर/कबीरधाम। प्रधानमंत्री जनमन आवास योजना के तहत गरीबों के पक्के मकान के लिए स्वीकृत राशि में कथित हेराफेरी का मामला सामने आया है। कबीरधाम जिले के बोड़ला विकासखंड में बैगा जनजाति के 9 हितग्राहियों से आवास निर्माण के नाम पर कुल 5 लाख 9 हजार रुपये लेने और मकान नहीं बनाने की शिकायत पर दो ठेकेदारों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
मामले में ग्राम पंचायत राजाढ़ार के पांच हितग्राहियों से 3 लाख 20 हजार रुपये लेने के आरोप में ठेकेदार कुमार मेरावी के खिलाफ 14 अक्टूबर को थाना चिल्फी में अपराध दर्ज किया गया। शिकायत के अनुसार, हितग्राहियों से राशि लेने के करीब डेढ़ साल बाद भी आवास का निर्माण नहीं कराया गया और न ही रकम वापस की गई।
वहीं, ग्राम पंचायत आमानारा के चार हितग्राहियों से 1 लाख 89 हजार रुपये लेने की शिकायत पर ठेकेदार तुमेश गोड़ के खिलाफ 13 अक्टूबर को थाना तरेगांव जंगल में एफआईआर दर्ज की गई है।उप मुख्यमंत्री ने अपनाया सख्त रुखउप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना गरीब परिवारों को सुरक्षा, सम्मान और स्थायित्व देने वाली महत्वपूर्ण योजना है। आवास निर्माण की राशि पर हितग्राहियों का अधिकार है और इसमें किसी भी तरह की अनियमितता, लापरवाही या धोखाधड़ी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उन्होंने स्पष्ट किया कि विशेष पिछड़ी जनजाति के परिवारों को समय पर पक्का आवास उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। गरीबों के हक की राशि का दुरुपयोग करने और आवास निर्माण के नाम पर हितग्राहियों का शोषण करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।सरकार ने स्पष्ट संदेश दिया है कि प्रधानमंत्री जनमन आवास योजना में गड़बड़ी करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा और पात्र हितग्राहियों के अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित की जाएगी।




