
बिलासपुर, 18 अगस्त 2026। दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, बिलासपुर मंडल में रेलवे आरक्षित टिकटों की अनधिकृत खरीद-बिक्री के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत RPF ने अंतर्राज्यीय टिकट दलाल गिरोह का खुलासा किया है। वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त श्री सौरव कुमार के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई में बैकुंठपुर से उत्तर प्रदेश के बनारस और भदोही तक फैले टिकट दलाली नेटवर्क का पता चला है।RPF निरीक्षक अंबिकापुर सुनीता मिंज की जांच में सामने आया कि बैकुंठपुर के सिटी PRS से टिकट तैयार कर बनारस भेजे जाते थे। वहां मौजूद दलाल इन टिकटों को ग्राहकों को अधिक कीमत पर उपलब्ध कराता था। टिकटों को एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने के लिए बस सेवा का भी इस्तेमाल किया जाता था।जांच के दौरान आरोपियों के मोबाइल फोन से WhatsApp चैट के जरिए 60 रेलवे आरक्षित टिकटों से संबंधित सामग्री बरामद की गई। इन टिकटों की कुल कीमत करीब 3.68 लाख रुपये बताई गई है। इनमें 14 टिकटों पर PNR और अन्य विवरण हस्तलिखित पाए गए। आरोप है कि गिरोह टिकटों पर अवैध कमीशन और अतिरिक्त राशि वसूलकर मुनाफा कमाता था।मामले में रेल अधिनियम की धारा 143 के तहत तीन आरोपियों—अविनाश कुमार (35), कोरिया; संजय विश्वकर्मा (48), भदोही, उत्तर प्रदेश और रवि शंकर (38), सूरजपुर—को गिरफ्तार कर प्रकरण में संबद्ध किया गया है। पुलिस/RPF द्वारा अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका की जांच की जा रही है और उनकी गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।RPF की कार्रवाई से रेलवे टिकट तैयार करने से लेकर उन्हें दूसरे राज्य तक पहुंचाने और यात्रियों को अधिक कीमत पर बेचने तक की पूरी अवैध श्रृंखला सामने आई है। RPF ने इस कार्रवाई को रेलवे की टिकट दलाली और कालाबाजारी के खिलाफ “Zero Tolerance” नीति के तहत महत्वपूर्ण कदम बताया है।




