
रायपुर, 7 अक्टूबर 2026। रायपुर सांसद एवं छत्तीसगढ़ राज्य बाल कल्याण परिषद के अध्यक्ष बृजमोहन अग्रवाल की अध्यक्षता में परिषद की राज्य कार्यकारिणी समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में बच्चों के कल्याण, शिक्षा, पुनर्वास, संस्थाओं की व्यवस्थाओं और आगामी योजनाओं की समीक्षा की गई।
इस दौरान वित्तीय वर्ष 2026-27 के अनुमानित बजट और वर्ष 2025-26 की ऑडिट रिपोर्ट को मंजूरी दी गई।बैठक को संबोधित करते हुए सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि बाल कल्याण परिषद विशेष और जरूरतमंद बच्चों को सुरक्षित भविष्य एवं सम्मानजनक जीवन प्रदान करने का महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने बच्चों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने, उनकी शिक्षा और पुनर्वास व्यवस्था को मजबूत बनाने तथा परिषद के कार्यों को पूरी तत्परता से संचालित करने पर जोर दिया।बुजुर्गों के लिए डे-केयर सेंटर शुरू करने का सुझावसांसद अग्रवाल ने सामाजिक सरोकारों का विस्तार करते हुए वरिष्ठ नागरिकों की देखभाल के लिए सर्वसुविधायुक्त डे-केयर सेंटर शुरू करने का सुझाव दिया।

बैठक में परिषद के विभिन्न प्रकल्पों में रिक्त पदों की समीक्षा की गई और नियमानुसार भर्ती प्रक्रिया जल्द पूरी करने पर सहमति बनी।इसके अलावा सांसद एवं विधायक निधि से स्वीकृत निर्माण कार्यों, मिशन वात्सल्य के तहत खुले आश्रय बालक गृह के अनुदान प्रस्तावों और वाणी वाचन एवं बहु-प्रशिक्षण केंद्र के संचालन की प्रगति पर भी चर्चा हुई।
भारतीय स्टेट बैंक से सीएसआर मद के तहत मिलने वाले सहयोग के प्रस्ताव की भी समीक्षा की गई।स्पीच थेरेपी सेंटर का किया निरीक्षणबैठक के दौरान विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के बालक एवं बालिका गृहों तथा कोंडागांव स्थित बालिका गृह की कार्यप्रणाली से संबंधित प्रतिवेदन प्रस्तुत किया गया। बैठक के बाद बृजमोहन अग्रवाल ने ‘शिक्षा का मंदिर’ और स्पीच थेरेपी सेंटर का निरीक्षण किया। उन्होंने वहां थेरेपी ले रहे बच्चों की प्रगति की जानकारी ली और परिषद के प्रयासों की सराहना की।
बैठक का संचालन परिषद के महासचिव चंद्रेश शाह ने किया, जबकि संयुक्त सचिव राजेन्द्र कुमार निगम ने आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर परिषद की उपाध्यक्ष डॉ. कमल वर्मा, कोषाध्यक्ष इंदिरा जैन, संयुक्त सचिव प्रकाश अग्रवाल, भूपेंद्र कोटडिया, विश्वनाथ पाणिग्रही, हर्षा जोशी, सुनीता चंसोरिया, हरजीत जुनेजा, संगीता शर्मा सहित विभिन्न संस्थाओं के अधीक्षक और पदाधिकारी उपस्थित रहे।




